Ayurveda: शंखपुष्पी का वैज्ञानिक नाम (convolvulus pluricasulis) हैं. इसके चिकित्सीय लाभों के कारण शंखपुष्पी आयुर्वेद में बहुत महत्वपूर्ण जड़ी बूटी मानी जाती है. आयुर्वेद में इसे दिमागी ताकत और याददाश्त बढ़ाने के लिए उपयोग किया जाता है. वैसे तो आयुर्वेद में कई जड़ी बूटियां का उल्लेख किया जाता है जो न केवल शरीर को स्वस्थ रखती है बल्कि मानसिक और शारीरिक मजबूती भी बढ़ती है, और उनमें से ही एक है शंखपुष्पी.
शंखपुष्पी की पहचान
शंखपुष्पी एक लता जैसी औषधीय वनस्पति हैं . इसके फूल शंख के आकार के होते हैं, इसलिए इसका नाम शंखपुष्पी पड़ा. इसकी प्रकृति ठंडी और स्वाद कसैला होता है. आयुर्वेदाचार्यो के अनुसार, इसके लगभग सभी हिस्से—फूल, पत्ते, तना, जड़ और बीज औषधीय गुणों से भरपूर होते हैं.
शंखपुष्पी के उपयोग
आयुर्वेद के अनुसार शंखपुष्पी से अच्छी कोई औषधि नहीं मानी जाती, शंखपुष्पी का हमेशा से प्रयोग मस्तिक से संबंधित रोगों में किया जाता है. यह याददाश्त एकाग्रता और मानसिक सतर्कता को बढ़ाती है.
तनाव और चिंता मानसिक थकावट को कम करने में मदद करती है.
यह अनिद्रा को दूर करने में सहायक होती है.
यह बच्चों और वयस्को में बुद्धि और सोचने की क्षमता को बेहतर बनाती है.
यह रक्तचाप ( Blood pressure)को नियंत्रित रखने में मदद करती है.
यह भूख को बढ़ाने और पाचन सुधारने में मदद करती है.
शरीर के रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immune system) को मजबूत बनाती है.
शंखपुष्पी का जड़ सहित पूरा पौधा पीसकर उसका लेप सर पर लगाने से बाल लंबे सुंदर और चमकदार होते हैं.
इसके रस को शहर में मिलाकर पीने से बालों का झड़ना रुक जाता है.
शंखपुष्पी भृंगराज और वाला से निर्मित तेल बालों में लगाने से बाल स्वस्थ होते हैं.
शंखपुष्पी के सेवन करने से डायबिटीज के रोगियों को नया जीवन प्राप्त होता है यह शरीर की सभी कोशिकाओं में नव शक्ति का संचार करती है.
शंखपुष्पी की मात्रा (सिरप)
बच्चों (children) – 5–10ml दिन में दो बार दूध या पानी के साथ.
वयस्क(Adult) – 10–20 ml दिन में दो बार दूध या पानी के साथ.
परामर्श (consultation)– उचित मात्रा के लिए हमेशा चिकित्सक से परामर्श ले
शंखपुष्पी के दुष्प्रभाव
अधिक सेवन से सुस्ती (Drowsiness) महसूस हो सकती है.
कुछ लोगों में पेट खराब या मतली (Nausea)हो सकती है.
काम रक्तचाप वाले लोगों को इसे सावधानी पूर्वक लेना चाहिए.
गर्भवती और स्तनपान करने वाली महिलाओं को इसे लेने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए.