Vikramshila Setu Collapses : भागलपुर में गंगा नदी पर बने विक्रमशिला सेतु का एक हिस्सा रविवार देर रात अचानक ढह गया, जिससे पुल का संपर्क पूरी तरह टूट गया है. जानकारी के मुताबिक, पिलर संख्या 4 और 5 के बीच का स्लैब रात करीब 12:55 बजे गंगा में समा गया. राहत की बात यह है कि इस घटना में अब तक किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है.
पहले मिली थी चेतावनी
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट के अनुसार शाम से ही पिलर संख्या 133 के पास एक्सपेंशन ज्वाइंट में गैप बढ़ने लगा था. रात करीब 11 बजे प्रशासन को इसकी सूचना भी दे दी गई थी. इसके बावजूद कुछ ही घंटों में पुल का एक बड़ा हिस्सा ढह गया. घटना के बाद पुलिस और प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए पुल पर दोनों ओर से वाहनों की आवाजाही रोक दी है. रात करीब 2 बजे डीएम, एसएसपी और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया. पुल निर्माण निगम की टीम भी जांच में जुट गई है.
लोगों की जिंदगी पर पड़ा गहरा असर
पुल के ढहने से भागलपुर और नवगछिया के बीच संपर्क पूरी तरह टूट गया है, जिससे हजारों लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हुई है. सब्जी और फल लेकर आने वाले छोटे व्यापारी अब नाव और स्टीमर पर निर्भर हैं. मजदूरों और कर्मचारियों का सफर लंबा और मुश्किल हो गया है और मरीजों के लिए अस्पताल पहुंचना अब जोखिम भरा हो गया है. जो दूरी पहले कुछ मिनटों में तय होती थी, अब उसे पार करने में घंटों लग रहे हैं. दरअसल नवगछिया, कोसी और सीमांचल क्षेत्र के लिए यह सेतु एक अहम जीवनरेखा था. इसके क्षतिग्रस्त होने से स्थानीय बाजारों की रफ्तार धीमी पड़ गई है और छोटे व्यापारियों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ रहा है.
रखरखाव पर उठ रहे सवाल
बताया जा रहा है कि पिछले आठ वर्षों से पुल की समुचित मरम्मत नहीं हुई थी. प्रोटेक्शन वॉल के क्षतिग्रस्त होने के कारण पहले से ही मुख्य ढांचे को नुकसान की आशंका जताई जा रही थी. अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि पुल की मरम्मत कब तक होगी और क्या लोगों की जिंदगी फिर से सामान्य हो पाएगी. प्रशासन ने फिलहाल जांच के आदेश दे दिए हैं और वैकल्पिक व्यवस्था पर काम शुरू कर दिया गया है.