नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi ) गुरुवार देर रात (भारतीय समयानुसार शुक्रवार सुबह 3 बजे) अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से मिलने व्हाइट हाउस पहुंचे. इस अहम बैठक में दोनों नेताओं के बीच व्यापार, रक्षा, ऊर्जा और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) सहित कई रणनीतिक विषयों पर बातचीत हुई.
ट्रम्प ने PM Modi को बताया ‘टफ नेगोशिएटर’
राष्ट्रपति ट्रम्प ने प्रधानमंत्री मोदी की प्रशंसा करते हुए उन्हें एक मजबूत वार्ताकार बताया. उन्होंने कहा, “मोदी एक टफ नेगोशिएटर हैं और वे अपने देश के लिए बेहतरीन काम कर रहे हैं.” इसके अलावा, ट्रम्प ने मोदी को अपना अच्छा दोस्त बताते हुए भारत-अमेरिका संबंधों को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई.
भारत को मिलेगा F-35 फाइटर जेट, आतंकवादी तहव्वुर राणा होगा प्रत्यर्पित
राष्ट्रपति ट्रम्प ने भारत को अत्याधुनिक F-35 फाइटर जेट देने की घोषणा की, जिससे भारतीय वायुसेना की ताकत में बड़ा इजाफा होगा. इसके साथ ही, 2008 के मुंबई हमलों के आरोपी तहव्वुर राणा को भारत प्रत्यर्पित करने पर भी सहमति बनी.
ट्रम्प की प्रमुख घोषणाएं
- मुंबई हमले के आरोपी तहव्वुर राणा को भारत भेजा जाएगा.
- इस्लामिक आतंकवाद के खिलाफ भारत-अमेरिका मिलकर लड़ेंगे.
- एशिया पैसेफिक क्षेत्र में भारत की भूमिका को अहम बताया.
- भारत-अमेरिका के बीच रक्षा व्यापार को और बढ़ाने पर सहमति.
- भारत को तेल और ऊर्जा की आपूर्ति बढ़ाने पर सहमति.
- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के विकास में भारत के साथ सहयोग करने की योजना.
- अमेरिका का भारत के साथ व्यापार घाटा कम करने पर जोर.
PM Modi की प्रतिक्रियाएं और घोषणाएं
प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति ट्रम्प को दूसरी बार अमेरिका का राष्ट्रपति चुने जाने पर बधाई दी और कहा कि उनके साथ काम करना हमेशा एक शानदार अनुभव रहा है. उन्होंने दोनों देशों के संबंधों को एक नई ऊंचाई पर ले जाने की प्रतिबद्धता जताई और कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की बात कही. मोदी ने कहा, “हमारा मिलना सिर्फ 1+1=2 नहीं, बल्कि 1+1=11 है.”
PM Modi के मुख्य बयान
- अमेरिकी भाषा में विकसित भारत का मतलब है ‘मेक इंडिया ग्रेट अगेन’.
- ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्रों में बड़े निवेश पर जोर.
- AI, सेमीकंडक्टर और क्वांटम तकनीक में संयुक्त अनुसंधान और विकास पर सहमति.
- न्यूक्लियर स्मॉल मॉड्यूलर रिएक्टर बनाने के लिए सहयोग की संभावना.
- लॉस एंजिलिस और बॉस्टन में नए भारतीय कॉन्सुलेट खोलने की घोषणा.
भारत-अमेरिका संबंधों में नई ऊर्जा
इस मुलाकात के बाद यह स्पष्ट हो गया कि भारत और अमेरिका आने वाले वर्षों में अपने द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने जा रहे हैं. रक्षा, व्यापार, ऊर्जा और तकनीक के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ने से दोनों देशों को वैश्विक स्तर पर नई पहचान मिलेगी. पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रम्प की यह बैठक निश्चित रूप से भारत-अमेरिका रिश्तों में नए युग की शुरुआत करेगी.