Actress Ranya Rao Gold Smuggling Case : कन्नड़ और तमिल फिल्मों की मशहूर एक्ट्रेस रन्या राव को डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने बेंगलुरु इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सोने की तस्करी के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है. जांच में सामने आया है कि रन्या (Ranya Rao) ने अपनी बॉडी, जांघों, कमर और जैकेट के अंदर सोना छिपाकर भारत लाने की कोशिश की.
बार-बार दुबई यात्रा से हुआ शक
मीडिया सूत्रों के अनुसार रन्या राव (Ranya Rao) पिछले साल 30 बार दुबई की यात्रा कर चुकी थीं और हर बार बड़ी मात्रा में तस्करी का सोना भारत लाई थीं. बीते 15 दिनों में ही वह 4 बार दुबई गईं, जबकि वहां उनका कोई बिजनेस नहीं है. अधिकारियों को उनके बार-बार दुबई जाने पर शक हुआ और उनकी सुरक्षा जांच तेज कर दी गई.
कैसे पकड़ी गई Ranya Rao ?
रन्या राव रविवार शाम दुबई से बेंगलुरु एयरपोर्ट पहुंची थीं. एयरपोर्ट पर उनकी मदद के लिए कांस्टेबल बसवराज पहले से मौजूद था. जब डीआरआई अधिकारियों ने उन्हें रोककर तलाशी लेनी चाही, तो बसवराज ने उन्हें रोकने की कोशिश की और कहा – तुम्हें पता है ये कौन हैं? ये डीजीपी रामचंद्र राव की बेटी हैं! लेकिन अधिकारियों ने उनकी सख्त तलाशी ली और उनकी जैकेट में छिपे 14.2 किलोग्राम विदेशी सोने को बरामद कर लिया, जिसकी बाजार में कीमत 12.56 करोड़ रुपये बताई जा रही है.
Ranya Rao कैसे करती थीं तस्करी?
DRI की जांच में सामने आया है कि रन्या मॉडिफाइड जैकेट और रिस्ट बेल्ट का इस्तेमाल कर तस्करी करती थीं. उन्हें 1 लाख रुपये प्रति किलो सोने की तस्करी के लिए मिलते थे. यानी हर ट्रिप में वह 12 से 13 लाख रुपये कमाती थीं. रन्या राव की गिरफ्तारी के बाद, मार्च 4 को उनके घर पर छापेमारी की गई. वहां से 2.67 करोड़ रुपये नकद और 2.06 करोड़ रुपये का सोना बरामद हुआ. इसके अलावा, तीन बड़े बॉक्स जब्त किए गए, जिससे कुल जब्ती का मूल्य 17.29 करोड़ रुपये पहुंच गया.
शादी के बाद भी जारी थी तस्करी
तीन महीने पहले ही रन्या राव ने ताज वेस्ट एंड होटल में एक शानदार शादी की थी. उनका विवाह जाने-माने आर्किटेक्ट जितिन हुक्केरी से हुआ था. हाल ही में उन्होंने लैवेल रोड पर नया फ्लैट भी खरीदा था, जिससे उनकी अचानक बढ़ी संपत्ति पर सवाल उठने लगे थे.
बड़ा तस्करी नेटवर्क होने की आशंका
जांच एजेंसियां अब यह पता लगा रही हैं कि यह सिर्फ एक अकेला मामला है या किसी बड़े तस्करी रैकेट का हिस्सा. अधिकारियों को शक है कि इसमें कुछ राजनेताओं, व्यापारियों और पुलिस अधिकारियों के परिवारों का भी हाथ हो सकता है.
14 दिन की न्यायिक हिरासत में Ranya Rao
रन्या राव को 1962 के कस्टम्स एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया है और फिलहाल उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. कांस्टेबल बसवराज से भी सघन पूछताछ की जा रही है. यह मामला कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री और बेंगलुरु के हाई-प्रोफाइल सर्कल में भूचाल ला चुका है. अब देखना होगा कि जांच आगे क्या नया खुलासा करती है.