खेल संगठनों में नीतियों का अभाव है…IOC ने रद्द की हॉकी बिहार की मान्यता

पटना। बिहार के खेल संगठनों की स्थिति पर इंडियन ओलिंपिक एसोसिएशन (IOA) की फैक्ट फाइंडिंग कमिशन की रिपोर्ट ने गंभीर सवाल उठाए हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि बिहार के (Hockey Bihar)खेल संगठनों में ना तो कोई स्पष्ट नीति है, ना ही कोई नियम और भविष्य की योजनाएं। कमिशन ने यह भी खुलासा किया कि इन संगठनों में पदधारियों को अपनी भूमिका और दायित्वों का भी सही जानकारी नहीं है।

हॉकी बिहार की मान्यता रद्द

हॉकी इंडिया के महासचिव भोलानाथ सिंह ने बिहार हॉकी की मान्यता को रद्द कर दिया है। 4 दिसंबर को श्रवण कुमार, बिहार हॉकी के अध्यक्ष, ने राजगीर में आयोजित एशियन महिला हॉकी चैंपियनशिप को लेकर शिकायत की थी। इस मामले में मुस्ताक अहमद, जो कि बिहार के खेल प्रशासन से जुड़े हुए हैं, ने ना तो हॉकी इंडिया और ना ही बिहार के खेल अधिकारियों के साथ सहयोग किया। इसके बाद, 12 दिसंबर को हॉकी इंडिया ने उन्हें शो कॉज नोटिस भेजा था, लेकिन जवाब ना मिलने के कारण 30 दिसंबर को हॉकी बिहार की मान्यता रद्द कर दी गई।

बिहार ओलंपिक एसोसिएशन में मिसकम्युनिकेशन

फैक्ट फाइंडिंग कमिशन ने यह भी पाया कि बिहार ओलंपिक एसोसिएशन में गंभीर कम्युनिकेशन गैप है। रिपोर्ट के अनुसार, कई खेल संगठनों के अधिकारियों को बैठक और निर्णयों के बारे में कोई जानकारी नहीं होती है, जिससे कार्यप्रणाली में अव्यवस्था और असंगठितता उत्पन्न हो रही है।

Hockey Bihar: नई एडहॉक कमेटी का गठन

इंडियन ओलिंपिक एसोसिएशन की अध्यक्ष पीटी उषा ने इन समस्याओं को ध्यान में रखते हुए बिहार के खेल संगठनों के पुनर्गठन के लिए एक एडहॉक कमेटी का गठन किया है। इस कमेटी को बिहार ओलंपिक एसोसिएशन के लिए एक नया, द्रष्टिवादी संविधान तैयार करने और आगामी राष्ट्रीय खेलों में बिहार (Hockey Bihar)की भागीदारी सुनिश्चित करने का दायित्व सौंपा गया है।

कमेटी की अध्यक्षता हॉकी इंडिया के महासचिव भोलानाथ सिंह करेंगे, और इसके सदस्य होंगे – अरुण कुमार ओझा (बिहार वेटलिफ्टर एसोसिएशन के अध्यक्ष), पंकज कुमार ज्योति (रग्बी फुटबॉल एसोसिएशन ऑफ बिहार के महासचिव), डॉ संजय सिन्हा (रिटायर्ड आईएएस अधिकारी), और अर्जुन अवार्डी श्रेयसी सिंह (विधायक और खिलाड़ी)। कमेटी को 31 मार्च 2025 तक अपनी जिम्मेदारियों को पूरा करने और 10 अप्रैल तक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।

Hockey Bihar: आने वाले राष्ट्रीय खेलों में बिहार की भूमिका

कमेटी को यह सुनिश्चित करना होगा कि बिहार के खिलाड़ी आगामी 38वें राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड में होने वाली प्रतियोगिता में भाग लें। यह कदम बिहार में खेलों के भविष्य को सुधारने और एक मजबूत संगठन बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।

इस रिपोर्ट और एडहॉक कमेटी के गठन से यह स्पष्ट होता है कि बिहार में खेल संगठन को सही दिशा और नीति की आवश्यकता है, ताकि राज्य के खिलाड़ियों को बेहतर अवसर और समर्थन मिल सके।

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