Elon Musk Vs Donald Trump : अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और टेक अरबपति एलन मस्क के बीच चल रहा विवाद अब और गहरा हो गया है। हाल ही में एलन मस्क ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट करते हुए ‘एपस्टीन फाइल्स’ (Epstein Files Bombshell) का हवाला दिया और डोनाल्ड ट्रंप पर बड़ा आरोप लगाया। मस्क ने ट्रंप के खिलाफ महाभियोग की मांग की है और कहा है कि एपस्टीन फाइल्स में नाम आने वाले किसी व्यक्ति को अमेरिका का राष्ट्रपति नहीं बनने देना चाहिए।
Elon Musk Vs Donald Trump : क्या हैं ‘एपस्टीन फाइल्स’?
‘एपस्टीन फाइल्स’ उन दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड्स का बड़ा संग्रह है, जो अमेरिका के कुख्यात यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े हैं। इनमें एपस्टीन की कॉन्टैक्ट लिस्ट, चैट्स, वीडियो फुटेज, कॉल रिकॉर्ड, फ्लाइट लॉग्स और हाई-प्रोफाइल मेहमानों के नाम शामिल हैं। इन दस्तावेजों से जुड़े आरोपों के मुताबिक एपस्टीन ने कथित तौर पर नाबालिग लड़कियों को यौन शोषण के लिए राजनेताओं, बिजनेस टायकून्स और सेलिब्रिटीज़ के पास भेजा था।
कौन था जेफ्री एपस्टीन?
जेफ्री एपस्टीन एक अमेरिकी फाइनेंसर था, जिसने अपने करियर की शुरुआत स्कूल टीचर के तौर पर की थी। बाद में उसने फाइनेंस इंडस्ट्री में कदम रखा और कई प्रभावशाली लोगों से संबंध बनाए। 2005 में उस पर पहली बार नाबालिगों की तस्करी और यौन शोषण के आरोप लगे। जांच में सामने आया कि उसने कम से कम 36 नाबालिग लड़कियों का शोषण किया। 2008 में उसे सिर्फ 13 महीने की जेल हुई। 2019 में दोबारा गिरफ्तारी के बाद एपस्टीन ने जेल में आत्महत्या कर ली।
Epstein Files Bombshell : ट्रंप का नाम कैसे जुड़ा?
2025 की शुरुआत में अमेरिकी न्याय विभाग के एक दस्तावेज़ ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी। इसमें खुलासा हुआ कि एपस्टीन की संपर्क सूची में कई हाई-प्रोफाइल नाम दर्ज थे – जिनमें डोनाल्ड ट्रंप, माइकल जैक्सन, हार्वी विंस्टीन और एलेक बैल्डविन जैसे चर्चित नाम शामिल हैं। ट्रंप की पूर्व पत्नी इवाना ट्रंप और बेटी इवांका ट्रंप के नाम भी इस सूची में दर्ज हैं। हालांकि, अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इन व्यक्तियों का एपस्टीन के आपराधिक मामलों में प्रत्यक्ष रूप से कोई हाथ है या नहीं।
एलन मस्क का बड़ा आरोप
इन्हीं दस्तावेजों को आधार बनाते हुए एलन मस्क ने ट्रंप पर हमला बोला। मस्क ने लिखा डोनाल्ड ट्रंप का नाम एपस्टीन फाइल्स में है। यह बेहद खतरनाक है। एक ऐसे व्यक्ति को राष्ट्रपति बनने की इजाजत नहीं दी जा सकती, जो ऐसे नेटवर्क का हिस्सा रहा हो। ट्रंप के खिलाफ महाभियोग जरूरी है। मस्क की इस टिप्पणी ने अमेरिकी राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। ट्रंप की ओर से इस पर कोई आधिकारिक बयान अब तक सामने नहीं आया है। लेकिन रिपब्लिकन पार्टी के कई नेताओं ने इस पूरे मामले को ‘राजनीतिक हमला’ करार देते हुए मस्क के आरोपों को खारिज किया है।
Elon Musk Vs Donald Trump : आने वाले चुनावों पर असर?
एपस्टीन फाइल्स से जुड़े आरोप और एलन मस्क की महाभियोग की मांग डोनाल्ड ट्रंप की चुनावी रणनीति को सीधे प्रभावित कर सकती है। राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि अगर इन दस्तावेजों को लेकर कोई ठोस सबूत सामने आते हैं, तो ट्रंप की उम्मीदवारी पर बड़ा सवाल खड़ा हो सकता है। फिलहाल अमेरिकी न्याय विभाग की ओर से इस मामले की पुष्टि या कोई नया बयान नहीं आया है। लेकिन एलन मस्क के सार्वजनिक हमले ने यह तय कर दिया है कि एपस्टीन फाइल्स विवाद आने वाले महीनों में अमेरिकी राजनीति का सबसे गर्म मुद्दा रहेगा।