Bangladesh High Commission Protest : बांग्लादेश में एक हिंदू युवक की हत्या को लेकर भारत-बांग्लादेश संबंधों में एक बार फिर तनाव गहराता दिख रहा है. विश्व हिंदू परिषद (VHP) ने मंगलवार को नई दिल्ली स्थित बांग्लादेश हाई कमीशन के बाहर प्रदर्शन कर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की. प्रदर्शनकारियों ने बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई. जानकारी के मुताबिक, बांग्लादेश के मैमन सिंह जिले में 18 दिसंबर की रात हिंदू युवक दीपू चंद्र की हत्या कर दी गई थी. शुरुआती तौर पर यह दावा किया गया था कि दीपू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली टिप्पणी की थी, लेकिन प्रारंभिक जांच में ऐसे किसी दावे के समर्थन में कोई ठोस सबूत नहीं मिला है. इसके बावजूद भीड़ द्वारा की गई हिंसा ने इस मामले को गंभीर बना दिया है.
दिल्ली में VHP का प्रदर्शन
इसी बीच बांग्लादेश के विदेश मंत्रालय ने भारत में तैनात भारतीय उच्चायुक्त प्रणय वर्मा को तलब किया है. यह एक सप्ताह के भीतर दूसरी बार है जब भारतीय उच्चायुक्त को ढाका बुलाया गया है. इससे पहले बांग्लादेशी छात्र नेता शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद भारत विरोधी प्रदर्शनों को लेकर भी दोनों देशों के बीच तल्खी बढ़ी थी. अब दीपू चंद्र की कथित मॉब लिंचिंग के बाद हालात और बिगड़ते नजर आ रहे हैं. बांग्लादेश ने भारत में अपने राजनयिक मिशनों पर हुए हमलों को लेकर गहरी चिंता जताई है.
भारत–बांग्लादेश के बीच वीजा सेवाओं पर असर… तनाव के बीच दोनों देशों ने रोकी सर्विस
विदेश मंत्रालय के बयान के अनुसार, नई दिल्ली और सिलीगुड़ी में हुई घटनाओं के विरोध में भारतीय उच्चायुक्त को तलब किया गया. ढाका का कहना है कि इस तरह की हिंसा और डराने-धमकाने की घटनाएं पूरी तरह अस्वीकार्य हैं. बयान में कहा गया कि ऐसे कृत्य न केवल राजनयिक कर्मियों की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा करते हैं, बल्कि आपसी सम्मान, शांति और सहिष्णुता जैसे मूलभूत मूल्यों को भी कमजोर करते हैं. विदेश मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक, प्रणय वर्मा से भारत में स्थित बांग्लादेशी दूतावासों और संबंधित प्रतिष्ठानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को कहा गया है.
ढाका ने भारतीय उच्चायुक्त को तलब किया
बांग्लादेश ने यह आरोप भी लगाया है कि भारत में रह रहीं पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के बयान ढाका के नजरिए से भड़काऊ हैं, जिससे राजनयिक मिशनों और कर्मियों की सुरक्षा पर खतरा बढ़ा है. बांग्लादेश सरकार ने भारत से इन घटनाओं की निष्पक्ष जांच कराने, भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने और अंतरराष्ट्रीय दायित्वों के तहत राजनयिक मिशनों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है.
दिल्ली और सिलीगुड़ी में वीजा सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित
उल्लेखनीय है कि हालिया घटनाओं में 22 दिसंबर 2025 को सिलीगुड़ी स्थित बांग्लादेश वीजा सेंटर में तोड़फोड़ और 20 दिसंबर 2025 को नई दिल्ली में बांग्लादेश उच्चायोग के बाहर हुआ प्रदर्शन शामिल है. इन्हीं सुरक्षा चिंताओं के चलते बांग्लादेश ने दिल्ली और सिलीगुड़ी में वीजा सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित कर दी हैं. बांग्लादेश सरकार ने उम्मीद जताई है कि भारत सरकार अपनी अंतरराष्ट्रीय और राजनयिक जिम्मेदारियों के तहत तत्काल उचित कदम उठाएगी, ताकि राजनयिक कर्मियों और दूतावासों की गरिमा व सुरक्षा बनी रह सके.